Plants repotting in rainy season.पौधो को दूसरे गमले में शिफ्ट करने का आसान तरीका??
मौसम का मिजाज बदल चुका है,ऐसे में सभी गार्डनर्स के लिए,ये अच्छा समय है पौधों की रिपोटिंग करने का।
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| Plants repotting in rainy season.पौधो को दूसरे गमले में शिफ्ट करने का आसान तरीका?? |
रिपोटिंग क्यों जरूरी है ?कैसे पौधों की रिपोटिंग करें ?:-
जिन पौधों की ग्रोथ रुक गयी हो,
जिन पौधों के रूट बाउंड हो गए हो,
जिन पौधों की ग्रोथ पॉट्स के साइज से ज्यादा हो,
जिनके रूट्स ड्रेनेज होल से बाहर आ गए हों।
जिन पॉट्स में पानी का जमाव हो जाता हो।
पौधों की रिपोटिंग कब करें ? :-
वैसे रिपोटिंग हमेशा तापमान 20 से 30 के आसपास हो तब रिपोटिंग करें,बारिश में रिपोटिंग सबसे अच्छी होती है। परन्तु कुछ पौधों को ठण्डी से ठीक पहले रिपोट किया जाता है।जैसे-गुलाब
ठण्डी के लास्ट में- जैसे एडेनियम
रिपोटिंग में सावधानियाँ:-
रिपोट करते समय ड्रेनेज जरूर ठीक कर लें।
रुट बाउंड होने की स्थिति में रूट्स ट्रिमिंग तभी करें जब आपको उसी पॉट्स में पौधे लगाने हो ।
नोट - 1.यदि बड़ा पॉट उपलब्ध है,तो रूट्स ट्रिमिंग की आवश्यकता नही है।
2.रूट्स ट्रिमिंग के दौरान टेप रूट्स को ना काटें।
रिपोट के बाद दिखने वाले लक्षण:-
रिपोट के बाद मुमकिन है पौधा रिपोट स्ट्रेस से अपनी पत्तियाँ झुका दे,या गिरा दे,इससे घबराये नही।
Plant रिपोट के बाद क्या करें ?:-
रिपोट स्ट्रेस से पौधे को बाहर लाने के लिए,यदि हो तो 1grm एपसंसाल्ट/1लतर मिक्स करके दे।
आपने यदि रूट्स ट्रिमिंग की है,तो यदि उपलब्ध हो तो रूट्स की ग्रोथ के लिए,रूट हार्मोन या रूट ग्रेन्युल्स दे सकते हैं।
Plant रिपोट के बाद क्या न करें ?:-
तुरन्त खाद न दें,पौधा तुरन्त खाना नही ले पाता है,ऐसे में सिर्फ रूट्स पे ध्यान दें,और दुसरा खाना कम से कम हफ्ते भर बाद दें।
बारिश के अलावा किसी अन्य सीजन में रिपोट किया जाता है,तो पौधे को कम से कम 1 हफ्ते सेड में रहने दें।
रूट्स ट्रिमिंग तभी करें,जब आपको इसका अनुभव हो।
ऐसी ही जानकारियों के लिए वेबसाइट के लिंक को सेव करके रखें।

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